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Unfinished Tiffin! This might help.

Unfinished Tiffin! This might help.जब आपका बच्चा स्कूल से टिफिन/ lunch box/tiffin खाए बिना वापस आए तो इस्तेमाल करें यह 7 युक्तियां। Healthy parenting and healthy eating habits go hand in hand. This is also part of early childhood development. Let’s provide healthy childhood to our younger lot, who have just started going to playgroup, kindergarten, pre school or has just shifted from daycare to formal school.

Unfinished tiffin! Follow these seven tips, to get a finished tiffin back home.

1. मां- मेरी बेटी किंडरगार्टन के पहले वर्ष में है। वह स्कूल से टिफिन/tiffin खा कर नहीं आती,क्या करूं? बच्चा – स्कूल बच्चे के लिए नई जगह है, हर बच्चा अलग तरह से एडजस्ट करने की कोशिश कर रहा है।

कुछ नए माहौल में अपनी मां को खोजते हैं, क्योंकि या तो उन्हें अपने आप खाने के आदत नहीं होती/ उस समय खाने की आदत नहीं होती।

टिफिन/tiffin से खाना समझ नहीं आता/ दूसरे की टिफिन में कुछ ज्यादा अच्छा दिखता।

इतने सारे नए चहरे दिखते हैं कि घर की याद में समझ नहीं आता क्या करें।

इ सके अलावा और भी कारण हो सकते हैं। ऐसी परिस्थतियों में टीचर स्कूल में प्रयास करती होंगी।

फिर भी कई बार बच्चे नहीं खाते।

घर लौटते तक भूख से इतने परेशान हो जाते हैं, की बहुत देर रोते और चिड़चिड़ापन होता है।

क्या करें? : बच्चे को सुबह कुछ नाश्ता खिलाकर स्कूल भेजें ताकि वो वहां प्रसन्नचित पहुंचे।

टिफिन में उससे दिखा कर उसके पसंद का समान रखें।

बच्चों को स्कूल भेजने की उम्र से पहले ही धीरे धीरे अपने हांथों के खाना सिखाएं।

2. उनका स्कूल में दिन शुरू होने से पहले उन्हें बेहतर नाश्ता करवा कर भेजें।

3. मां- टिफिन तो पसंद का ही भेजते हैं पर टिफिन फिनिष नहीं होता।

बच्चा – टिफिन खाऊं पूरा या खेलने जाऊं?

क्या करें? : अक्सर स्कूल में लंच टाइम 20-25 मिनिट का होता है, ऐसे में छोटे बच्चों को वो भोजन टिफिन में दीजिए जिसे इतने समय में खाना उनके लिए आसान है।

बहुत सूखा नाश्ता भी ना भेजें, गले में अटकता खाना बच्चे नहीं खा पाते।

रोटियों पराठा का रोल, या हाथ में पकड़ कर खाने वाली चीजें बच्चों को आसान लगती हैं।

4. उन्हें पीने के लिए शेक या फलों की स्मूदी दें।

यदि आप टिफिन में सलाद जैसा कुछ रखते हैं तो सभी कच्ची सब्जियों को बहुत पतला काटें।

और उन्हें एक डिप के साथ परोसें

(जैसे कि रेंच ड्रेसिंग, हुम्मस, बोर्सिन चीज़ स्प्रेड, गुआकामोल, क्रीम चीज़, सोया नट बटर)।

सेब जैसे फलों को छीलें और उन्हें थोड़ा भूरा होने से बचाने के लिए थोड़ा नींबू का रस डाल कर सील करने योग्य कंटेनर में भेजें।

संतरा, कीनू को पहले छील लें और सिर्फ स्लाइस पैक करें।

फलों या पनीर को छोटे क्यूब्स में काटें, और साथ में कांटा रखें।

5. मां- टिफिन में हर दिन क्या रखूं। बच्चा – आज फिर ये टिफिन, मुझे नहीं खाना।

क्या करें?: कोई भी मां इस एक काम को बड़े अच्छे से कर सकती है।

टिफिन देखने में आकर्षक लगेगी तो बच्चे का खाने का मन होगा।

6. सुनिश्चित करें कि आप अपने बच्चे को एक प्रोटीन, एक स्टार्च और एक फल या सब्ज़ी हर समय भोजन और नाश्ते में परोसें।

7. यदि बच्चा टिफिन के अलावा दिन के बाकी समय में प्रोटीन युक्त भोजन करेंगे तो उन्हें स्कूल में लो सुगर के थकान महसूस नहीं होगी।

बच्चे कम चिड़चिड़े रहेंगे।यह युक्तियां आपके स्कूल के समय को घर पर बेहतर बनाने में आपकी मदद करेंगी।

कई बार बच्चे मन नहीं होने पर या खाने का निश्चित समय नहीं होने पर भी खाना नहीं खाते।

Link में जानिए बच्चे तो किस समय खाना खाने बैठाएं

Author:

I am a teacher and mother of two. I am celebrating life with family and friends. Learning to love myself every day. I will be writing, on the things a mother, a woman, a parent might find helpful. " Whether you think you can, or think you can't - you're right." by Henry Ford.

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